चंडीगढ़। चंडीगढ़ के सेक्टर-39 में कर्मचारियों और पेंशनर्स द्वारा एक विशाल महारैली का आयोजन किया गया। इस रैली में राज्य भर से आए विभिन्न कर्मचारी संगठनों और पेंशनर्स ने बड़ी संख्या में हिस्सा लिया और अपनी लंबे समय से लंबित मांगों को लेकर हुंकार भरी। रैली स्थल पर जुटी भारी भीड़ ने प्रशासन और राज्य सरकार का ध्यान अपनी समस्याओं की ओर खींचने का प्रयास किया।
अपनी मांगों को लेकर बुलंद की आवाज
महारैली के दौरान विभिन्न यूनियनों के प्रतिनिधियों ने मंच से संबोधित करते हुए अपनी प्रमुख मांगों को रेखांकित किया। पेंशनर्स और सेवारत कर्मचारियों का कहना है कि सरकार उनकी जायज मांगों पर ध्यान नहीं दे रही है, जिससे उनमें भारी असंतोष व्याप्त है। वक्ताओं ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों को जल्द स्वीकार नहीं किया गया, तो यह आंदोलन और अधिक तीव्र रूप ले सकता है।
विपक्ष का सरकार पर सीधा हमला
रैली के तुरंत बाद राजनीतिक बयानबाजी का दौर भी शुरू हो गया है। कांग्रेस नेता सुखदेव सिंह रोपड़ ने सोशल मीडिया पर इस महारैली की तस्वीरों और जानकारियों को साझा करते हुए राज्य सरकार पर जोरदार निशाना साधा। उन्होंने दावा किया कि कर्मचारियों और पेंशनर्स की यह विशाल भागीदारी राज्य सरकार पर बढ़ते जनदबाव का प्रत्यक्ष प्रमाण है। सुखदेव सिंह ने यह भी कहा कि इस महारैली का सीधा असर आगामी 2027 के विधानसभा चुनाव की राजनीति पर पड़ेगा और यह सरकार के लिए एक बड़ा चेतावनी संदेश है।
प्रतिक्रिया का इंतजार
विपक्ष के इन तीखे हमलों और कर्मचारियों के बढ़ते विरोध प्रदर्शन के बावजूद, राज्य सरकार की ओर से इस महारैली या विपक्षी दावों पर फिलहाल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। देखना होगा कि आने वाले दिनों में सरकार इस मुद्दे पर क्या रुख अपनाती है।







