पंजाब के ट्रांसपोर्ट और कनेक्टिविटी नेटवर्क को नई दिशा देने वाला अहम प्रोजेक्ट मोहाली–बरनाला इंटर कॉरिडोर, जिसे आम भाषा में पंजाब एक्सप्रेसवे कहा जा रहा है, तेज़ी से बनकर तैयार हो रहा है। यह प्रोजेक्ट भारत सरकार की भारतमाला फेज-1 योजना के तहत विकसित किया जा रहा है। कुल 135 किमी लंबा, 200 फीट चौड़ा यह एक्सप्रेसवे भविष्य में छह लेन तक विस्तारित किया जा सकेगा।
वर्तमान में नेशनल हाईवे-7 पर चंडीगढ़ से पटियाला-राजपुरा तक प्रतिदिन 40,000 से अधिक वाहन गुजरते हैं, जबकि इसकी क्षमता सिर्फ 25,000 वाहनों की है। लगातार बढ़ते दबाव और शहरीकरण के कारण मौजूदा हाईवे का विस्तार बेहद महंगा साबित हो रहा था। इसी वजह से सरकार ने नया ग्रीन-फील्ड एक्सप्रेसवे बनाने का निर्णय लिया।
✔️ क्यों ज़रूरी था यह एक्सप्रेसवे?
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बठिंडा, मानसा, संगरूर, बरनाला, पटियाला और राजस्थान-हरियाणा की तरफ से आने वाला पूरा ट्रैफिक NH-7 से होकर चंडीगढ़ पहुंचता है।
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एक्सप्रेसवे बनने से भारी ट्रैफिक अब नए रूट पर शिफ्ट हो जाएगा।
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मौजूदा ट्रैफिक जाम, विशेषकर राजपुरा गगनचौक, पर बड़ा सुधार देखने को मिलेगा।
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नए रूट से 35 किमी दूरी और 2–2.5 घंटे सफर कम होगा।
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पूरे आने-जाने के सफर में करीब 70 किमी बचेंगे।
✔️ रूट और मुख्य विशेषताएँ
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शुरुआत: मोहाली सेक्टर 109–110–107–97 के बीच
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प्रमुख इंटरसेक्शन:
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गमाडा एक्सप्रेसवे / मोहाली-कुराली बाईपास
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स्टेट हाईवे 12A
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दिल्ली–कटरा एक्सप्रेसवे (मानेकपुर, मलेरकोटला)
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समाप्ति: बरनाला जिले का सहना गांव
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कुल गांव प्रभावित/कवर: 28 गांव
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डिज़ाइन स्पीड: 100 किमी/घंटा
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सर्विस रोड की जगह छोड़ी गई है, भविष्य में निर्माण संभव।
✔️ दो चरणों में निर्माण
फेज-1 (मोहाली–सरहंद / 27 किमी)
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लगभग 80% काम पूरा
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सम्भावित शुरुआत: मिड-2026
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लांड्रा–सरहंद रोड का ट्रैफिक दबाव कम होगा
फेज-2 (सरहंद–सहना / 108 किमी)
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दो पैकेजों में निर्माण:
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पैकेज-1: सरहंद से मलेरकोटला – 52 किमी
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पैकेज-2: मलेरकोटला से सहना – 55 किमी
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लैंड एक्विज़िशन तेजी से चल रहा, सेक्शन-3 पूरा, सेक्शन-11 की प्रक्रिया जारी
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टेंडर के बाद कंपनियों को 2 साल में निर्माण पूरा करना होगा
✔️ किन जिलों को मिलेगा फायदा?
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मोहाली (सबसे बड़ा लाभार्थी)
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पटियाला
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संगरूर / मलेरकोटला
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बरनाला
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बठिंडा और राजस्थान की तरफ आने-जाने वाला ट्रैफिक
✔️ कौन-कौन से सेक्टर तेज़ी पकड़ेंगे?
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एमआर के सेक्टर 108–109
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टीडीआई के सेक्टर 110–111
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सेक्टर 97, 106, 107
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सरहंद, मलेरकोटला बेल्ट के आसपास लॉजिस्टिक्स और इंडस्ट्री तेजी से बढ़ेगी
✔️ इंडस्ट्री और रोजगार पर प्रभाव
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लॉजिस्टिक हब और वेयरहाउसिंग में बड़ा बूस्ट
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मलेरकोटला–धुरी बेल्ट की फूड प्रोसेसिंग इंडस्ट्री को सीधा फायदा
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सरहंद और बरनाला में पर्यटन और व्यापार बढ़ेगा
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आसपास के गांवों में भूमि कीमतें तेजी से बढ़ने की संभावना

























