टीवीके प्रमुख विजय की तमिलनाडु रैली में भगदड़, 33 की मौत, 62 इलाजरत

Picture of Vivek Singh

Vivek Singh

FOLLOW US:

तमिलनाडु रैली में भगदड़ 33 की मौत, 62 घायल

तमिलनाडु के करूर में टीवीके प्रमुख विजय की मेगा रैली में भगदड़ मचने से कई लोगों की मौत हो गई, जिसके बाद विजय ने अपना भाषण अचानक रोक दिया।

कम से कम 33 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई जब हजारों लोग तमिलगा वेत्त्रि कझगम (TVK) प्रमुख और अभिनेता-से-राजनेता बने विजय की मेगा राजनीतिक रैली में शामिल होने करूर पहुंचे। अत्यधिक भीड़ के कारण भगदड़ मच गई, जिसमें कई लोग बेहोश होकर गिर पड़े और उन्हें तुरंत चिकित्सकीय सहायता की आवश्यकता पड़ी।

अत्यधिक भीड़ के कारण कई लोग, जिनमें बच्चे भी शामिल थे, बेहोश हो गए। यह देखकर विजय ने तुरंत अपना भाषण रोक दिया और कहा – “पुलिस, कृपया मदद कीजिए।” उन्होंने लोगों को पानी पिलाया और एम्बुलेंस की व्यवस्था कराई ताकि दम घुटने से परेशान लोगों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया जा सके।

तमिलनाडु के अधिकारियों के अनुसार, इस हादसे में कम से कम 33 लोगों की मौत हुई है, जिनमें छह बच्चे और 16 महिलाएं शामिल हैं, जबकि 62 लोग अस्पताल में भर्ती हैं। त्रिची और सलेम से 40 से अधिक डॉक्टरों को मौके पर भेजा गया है।

गवाहों के मुताबिक, विजय के भाषण के दौरान भीड़ अचानक बेकाबू हो गई और भगदड़ मच गई। कई बच्चों समेत लोग बेहोश हो गए। विजय ने तुरंत भाषण रोककर अपनी अभियान बस से पानी की बोतलें फेंकीं ताकि लोगों को राहत मिल सके। इस दौरान एम्बुलेंस को भीड़ में से निकलने में कठिनाई हुई। कई बेहोश लोगों को नजदीकी अस्पतालों में ले जाया गया, जहां कुछ ने दम तोड़ दिया।

राजनीतिक प्रतिक्रियाएँ
भाजपा ने कहा कि तमिलनाडु पुलिस को इस तरह की बड़ी रैली के लिए पहले से तैयार रहना चाहिए था और डीएमके सरकार को इसकी जिम्मेदारी लेकर कार्रवाई करनी चाहिए।

तमिलनाडु रैली में भगदड़ 33 की मौत, 62 घायल

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की संवेदना
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस दर्दनाक हादसे पर शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा,
“तमिलनाडु के करूर में एक राजनीतिक रैली के दौरान हुई यह दुर्भाग्यपूर्ण घटना अत्यंत दुखद है। मेरी संवेदनाएँ उन परिवारों के साथ हैं जिन्होंने अपने प्रियजनों को खो दिया है। घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना करता हूँ।”

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी शोक प्रकट करते हुए कहा कि वह इस दुखद घटना से अत्यंत व्यथित हैं। “निर्दोष लोगों की मौत वास्तव में हृदयविदारक है। शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी गहरी संवेदना है और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूँ।”

मुख्यमंत्री एमके स्टालिन का रुख
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने स्थिति पर चिंता व्यक्त की और राज्य के मंत्रियों अनबिल महेश और मा सुब्रमण्यम को तुरंत मौके पर भेजने का आदेश दिया। उन्होंने कहा,
“करूर से आ रही खबरें चिंताजनक हैं। मैंने पूर्व मंत्री वी. सेंथिलबालाजी, मंत्री मा सुब्रमण्यम और जिला कलेक्टर को तुरंत चिकित्सकीय सहायता उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। साथ ही, मैंने मंत्री अनबिल महेश को भी आवश्यक सहायता देने और एडीजीपी को स्थिति को जल्द से जल्द काबू में करने के आदेश दिए हैं।”

स्टालिन कल करूर का दौरा करेंगे। इस बीच अन्य मंत्री, वरिष्ठ अधिकारी और पुलिसकर्मी मौके पर पहुँच रहे हैं क्योंकि आशंका जताई जा रही है कि मृतकों की संख्या बढ़ सकती है।

एआईएडीएमके महासचिव एडप्पादी के पलानीस्वामी ने इस घटना को “चौंकाने वाला और दुखद” बताया और मृतकों के परिवारों के लिए मुआवजे की मांग की।

विजय की राजनीतिक चुनौती
विजय की राजनीतिक रैलियाँ अक्सर विवादों में रही हैं। डीएमके सरकार ने भारी भीड़ को देखते हुए कई प्रतिबंध लगाए थे। पिछले हफ्ते विजय ने कहा था,
“आप मुझ पर शर्तें क्यों लगाते हैं जब मैं लोगों से मिलने जाता हूँ? आपका इरादा क्या है? एक बार फिर कहता हूँ, 2026 का चुनाव केवल टीवीके और डीएमके के बीच है।”

विजय ने अपनी पार्टी को डीएमके और एआईएडीएमके दोनों के विकल्प के रूप में पेश किया है। रैलियों में वह बार-बार दोनों दलों और भाजपा पर हमला करते हैं और कहते हैं कि वह किसी के साथ गठबंधन नहीं करेंगे। उन्होंने राज्य सरकार पर सड़क, स्वास्थ्य, स्वच्छ पानी और सुरक्षा जैसी बुनियादी सुविधाएँ न देने का आरोप लगाया।

Vivek Singh
Author: Vivek Singh

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

5
पंजाब में आई भयंकर बाढ़ का ज़िम्मेदार आप किसे मानते हैं?

और पढ़ें
हिमाचल प्रदेश
उत्तर प्रदेश
मनोरंजन